मेरे दोस्त की कहानी लगता बहुत जानी पहचानी

हम राँची गए हुए थे, 11:30 बजे के कारीब हम ट्रेन मे चढे । हम दोनो आराम से बैठे हुये थे, आगे मेरे दोस्त बैठा हुआ था जो कि बिना उस्से बात किये, अपने आप खोये किसी को याद करके मूस्करा रहा था, मुझे लगने को तो वैसा ही लग रहा था । अपने आप मे बहुत, ब…हुत खूश दिखाई दे रहा था । लग रहा था कि उसके जिन्गी में बहुत सारे खुशियाँ आ गई है, मैं कुछ देर तक देखता रहा उसके बाद, कुछ देर बाद मुझे लगा कि उसे टोकना चाहिये ।
मेरे दोस्त की कहानी
मेरे दोस्त की कहानी


क्या हुआ बहुत खुश मे हो
? मैने पूछा । नहीं कुछ नहीं खिडकी से प्राकृतीक के बनावट को देख थोडा खुश हो गया । उसके बातें सून मुझे लगा सचमे शायद नजारे को देख उससे, खुशी मिल रहा है । कई दूर आ चुके थे, वह खिडके तरफ देखा ही हुआ था । उस्से क्या कि, मेरे पास आ के मुझसे चिपक के बैठ गया, उसके बाद वो बोला किसी को बतायेगा तो नहीं, क्या बतायेगा तब न ? मैनें बोला ।

 
 वो मुझे बताया कि- वो… वो है, जो कि मेरे जिंदगी मे आने वाली है, मैं उस्से अपना बनाना चहता हूं । लेकिन लगता है कि वो मेरे दिल कि बातों को मजाक मे ले लेगी, वैसे मेरे मन में लगता है । इसीलिये मैं उस्से बता नहीं रहा हूं, एक साल होने को जा रहा है, मगर लगता है कि उसे मिले कुछ ही पल हुयें है ।
 
 बहुत सारे सपने सजाया हूं जो कि आने वाला काल मे उसके साथ बिताने वाला हूं, पर नहीं लगता है कि मेरे बातों को थोडा सा भी गौर करेगी, वैसे मैनें अपने मन में जगाया है । एक्च्योली कुछ दिनों से उस्से बहुत चाहने लगा हूं, मैं उस्से पहले रिलेशनशिप मे था जो कि कुछ दिन मे हीं, वो लडकी मुझे छोड के चाली गई ।
 

जब मैं रिलेशनशिप मे जुडा हुआ था तो मुझमे एक आलसीपन आ गया था, हर पल उसके यादों मे खोये रहने के आलावा मुझे नहीं दिखाई दे रहा था । मैं उसके यादों मे ही खोया रहता था, उसको फोटो देखता रहता था और उसके चैटिंग को पढते रहता था । जब वो मेरे कोल को काट देती या फिर एक दिन कोल नहीं करती थी तो मेरा दिल हताश हो जाता था ।

मेरे दोस्त की कहानी
मेरे दोस्त की कहानी
 कुछ महीनों, बाद मेरे जिंदगी से चाले जाने के बाद, मुझे पता चला कि वो मेरे चूतियापा के कारण छोड के चाली गई । मै उस्से कई बार मनाने कि कोशिस किया पर उस्से मनना नहीं कर पाया । उसके जाने के कुछ दिन बाद वो वाली लडकी से प्यार हुआ जो कि उस्से चहता तो बहुत हूँ पर मुझे अपने आप से डार है कि रिलेशनशिप मे जुडने के बाद मुझमे आलसी न आ जाये । मैं उस्से पाना चहता हूं पर जिन्दगी मे कुछ बन्ने के बाद, नहीं तो वो भी मुझे छोड के चाली जयेगी । 
 मेरे दोस्त के कहानी सून मै बोला बडे छुपा रूस्ताम निकले यार इतने दिनों से हम दोस्त है और आज बताया । क्या करता वैसा मौका ही नहीं मिला बडे खुशी के साथ जवाब दिया । मैं उसके कहानी दिल मे लिये कुछ लिख रहा हूँ- हम जब तक जिन्दगी मे ठोकार नहीं खयेंगे तब तक आगे नहीं बाढ पायेंगे । अगर हमे किसी चिज को पाने कि चाह हो और उस्से पाने के लिये हमारे पास बजट नहीं तो कई तो उस्से पाने कि जी जान लगा देते है ।
मेरे दोस्त की कहानी
मेरे दोस्त की कहानी
 कहाने मतलब जो चिज हमारे जिंदगी मे नहीं होता है, लेकिन हम उस्से जुडे हुये होते हैं तो हमे अकग्रता मिलती उसे पाने कि । अगर हम किसी चिज या प्यार के लिये ही बहुत तडप और मेहनात से पाते है तो उसको खोने का कभी दिल, नहीं करेगा । उसकी खयाल रखते हैं, उसके अवश्यक्ताओं को पूरा करने कि कोशिस करते हैं ।
 मेरे दोस्त के कहानी मे यह हुआ कि प्यार मिलने के बाद वह आलसी हो गया था, जिसके कारण न ही उसके अवश्यकता पूरा करता नहीं, नहीं जिन्दगी के बारें सोच रहा था । जैसी भी लडकी, आज के दिनों मे लडकीयाँ मेहनात करने वाले लडको को कफी ज्यादा पसंद करती है, सरकारी काम हो या व्यक्तिगत काम, मेहनात करने पर सफलता मिलती ही है । 

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